Temple

यंत्रोद्धारक हनुमान मंदिर, हम्पी

Yantrodharaka Hanuman Temple, Hampi

A meditative Hanuman image within a carved yantra, on a hill above the Tungabhadra at Hampi.

समर्पितहनुमान जी
तीर्थ मार्गदर्शिका

मंदिर की जानकारी

स्थानहम्पी, विजयनगर जिला, कर्नाटक
परिवेशविरूपाक्ष मंदिर से लगभग 2 किमी दूर, तुंगभद्रा तट पर पहाड़ी शिखर का मंदिर
परंपरामंदिर परंपरा

परिचय

हम्पी, विजयनगर जिला, कर्नाटक में स्थित यह तीर्थ विरूपाक्ष मंदिर से लगभग 2 किमी दूर, तुंगभद्रा तट पर पहाड़ी शिखर का मंदिर से अपना विशिष्ट स्वरूप पाता है।

यंत्रोद्धारक हनुमान मंदिर हम्पी के विरूपाक्ष मंदिर से लगभग दो किलोमीटर दूर, तुंगभद्रा नदी के तट पर एक पहाड़ी के ऊपर स्थित है। मंदिर तक पहुँचने का मार्ग छोटा पर चढ़ाई भरा है। यहाँ हनुमान ध्यानमुद्रा में हैं और उनकी आकृति एक षट्कोणीय यंत्र के भीतर उत्कीर्ण है; लगभग आठ फुट ऊँची यह प्रतिमा एक ही शिला-खंड पर बनी है और उसके चारों ओर बारह वानर-आकृतियाँ हैं। परंपरा इसे विजयनगर साम्राज्य के राजगुरु श्री व्यासराज द्वारा लगभग पाँच सौ वर्ष पूर्व स्थापित बताती है और इसे उनकी 732 हनुमान प्रतिष्ठाओं में प्रथम मानती है। स्थानीय कथा के अनुसार यही वह स्थान है जहाँ रामायण-काल में श्रीराम और हनुमान का प्रथम मिलन हुआ। दर्शन के समय ध्यान और पाठ का वातावरण बना रहता है, इसलिए शांति बनाए रखें; चढ़ाई, धूप और हम्पी क्षेत्र की वर्तमान पहुँच-व्यवस्था का ध्यान रखें।

मंदिर को समझने के लिए केवल गर्भगृह ही नहीं, बल्कि उसके आसपास के भू-दृश्य, मार्ग, जलस्रोत, नगर या पर्वतीय परिवेश और जीवित पूजा-परंपराओं को भी देखें। ये सभी मिलकर उस अनुभव को रचते हैं जिसके कारण श्रद्धालु पीढ़ियों से यहाँ आते रहे हैं।

समय, मार्ग, मौसम और प्रवेश नियम बदल सकते हैं; यात्रा से पहले वर्तमान स्थानीय सूचना अवश्य देखें।