Bhajan
🔱समर्पितभगवान शिवशिव मेरे मन के मन्दिर में
Shiv Mere Man Ke Mandir Mein
An inward Shiva bhajan that treats honesty, compassion and awareness as offerings in the heart-temple.
शिव मेरे मन के मन्दिर में। दीप जलाओ अन्तर में॥
सत्य बने पूजा का चन्दन। दया बने फूलों का वन्दन॥
श्रम का जल अभिषेक कराऊँ। न्याय का नैवेद्य चढ़ाऊँ॥
क्षमा बने मन्दिर की घण्टी। टूटे मन की गाँठ पुरानी॥
नाम तुम्हारा श्वास में आए। चिन्ता धीरे मौन हो जाए॥
द्वार न कोई यहाँ पराया। हर प्राणी में रूप तुम्हारा॥
शिव मेरे मन में बस जाना। जीवन को आराधन बनाना॥
शिव मेरे मन के मन्दिर में का अर्थ
An original Hindi devotional song written for BhajanDhara, with a separate explanatory meaning for every verse.